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This article covers the latest updates on अजित पवार के प्लेन क्रैश पर रोहित पवार ने फिर उठाए सवाल, उड्डयन मंत्री के इस्तीफ़े की भी मांग – The MediaNews हिंदी.
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इमेज स्रोत, Munir UZ ZAMAN / AFP) (Photo by MUNIR UZ ZAMAN/via Getty
बांग्लादेश क्रिकेट टीम के वरिष्ठ
सहायक कोच मोहम्मद सलाहुद्दीन ने बांग्लादेश के टी20 वर्ल्ड कप न खेलने के फ़ैसले
पर पूर्व खेल सलाहकार आसिफ़ नज़रुल की आलोचना की है.
बांग्लादेशी अख़बार ‘द डेली स्टार’ के मुताबिक़, नज़रुल
ने वर्ल्ड कप न खेलने का फ़ैसला बोर्ड और खिलाड़ियों का बताया था. इस पर मोहम्मद
सलाहुद्दीन ने कहा कि नज़रुल ने ‘खुलेआम
झूठ बोला’.
दरअसल, नज़रुल ने पहले कहा था कि सरकार ने टीम को आईसीसी पुरुष टी20 वर्ल्ड
कप में न भेजने का फ़ैसला किया था, लेकिन
बाद में उन्होंने इसकी ज़िम्मेदारी बोर्ड और खिलाड़ियों पर डालते हुए अपना रुख़
बदल लिया.
बांग्लादेश क्रिकेट टीम के वरिष्ठ
सहायक कोच ने कहा, “वह ढाका यूनिवर्सिटी में शिक्षक हैं.
देश के सर्वोच्च शिक्षण संस्थान से जुड़े व्यक्ति का इस तरह झूठ बोलना हम स्वीकार
नहीं कर सकते. हम इसे कैसे मान लें? उन्होंने
पहले एक बात कही और बाद में यू-टर्न ले लिया.”
सलाहुद्दीन ने वर्ल्ड कप से बाहर
होने के बाद खिलाड़ियों की मानसिक स्थिति पर भी बात की. उन्होंने कहा कि कुछ
खिलाड़ी इतने टूट गए थे कि उन्हें दोबारा मैदान पर लाना मुश्किल हो गया था.
उन्होंने कहा, “जब कोई खिलाड़ी वर्ल्ड कप खेलने जाता है, तो वह अपना सपना, 27 साल का सपना लेकर आता है. आप एक पल में वह सपना तोड़ देते हैं. ठीक
है, अगर यह देश का फ़ैसला है और
राष्ट्रीय कारणों से लिया गया है, तो वे
देश के लिए कुर्बानी देंगे. लेकिन अगर नुक़सान की बात होगी, तो मैं केवल व्यक्तिगत नुक़सान की बात करूंगा.”
इमेज स्रोत, Dianne Manson-ICC/ICC via Getty
बांग्लादेश के उप-कप्तान की प्रतिक्रिया
इस बीच बांग्लादेश टी20 टीम के उप-कप्तान सैफ़ हसन ने भी टी20 वर्ल्ड कप से बाहर होने पर अफ़सोस जताया. उन्होंने कहा कि इसे पचा पाना आसान नहीं था.
सैफ़ ने शुक्रवार को अपने आधिकारिक फ़ेसबुक अकाउंट पर लिखा, “वर्ल्ड कप नहीं खेल पाने के सदमे से उबरना आसान नहीं था क्योंकि यह मेरा पहला वर्ल्ड कप होता. यह लाइफ़ का सपना था, जिसके लिए बहुत मेहनत की और कुर्बानियां दीं.”
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