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This article covers the breaking situation concerning महुआ मोइत्रा ने कहा अंडा फेंकने के पीछे बीजेपी का हाथ, प्रदेश अध्यक्ष ने दिया ये जवाब – The MediaNews हिंदी.
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इमेज स्रोत, ANI
टीएमसी सांसद महुआ मोइत्रा के दफ़्तर पर अंडे फेंके जाने के बाद उन्होंने बीजेपी पर निशाना साधा है. दूसरी ओर, इस मामले में सियासी बयानबाजी तेज़ हो गई है.
घटना को लेकर टीएमसी और बीजेपी एक-दूसरे के ऊपर आरोप-प्रत्यारोप लगा रहे हैं.
महुआ ने अब से थोड़ी देर पहले एक्स पर एक पोस्ट में लिखा, “मैं डटी रहूंगी, मेरा झंडा डटा रहेगा. मृत्यु तक. बीजेपी वाले हमें चुप नहीं करवा सकेंगे.”
टीएमसी के कई नेताओं ने महुआ मोइत्रा के दफ़्तर पर हुए हमले की आलोचना की है.
उधर, टीएमसी सांसद सागरिका घोष ने घटना को बीजेपी की “सोची-समझी साजिश” बताते हुए कहा, “विपक्षी सांसद पर इस तरह का हमला लोकतंत्र पर सीधा हमला है.” उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में कानून-व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है.
टीएमसी सांसद डोला सेन ने कहा, “हमें पता है कि कैसे लड़ना है और हम लड़ रहे हैं. जिनके हाथ में लॉ एंड ऑर्डर है, उनसे सवाल पूछिए. हम जनता और ममता बनर्जी पर भरोसा रखते हैं. इसी मुद्दे पर हम कैसे लड़ेंगे, कैसे सवाल उठाएंगे….ये सब आप देखेंगे. चिंतित मत होइए.”
बीजेपी ने क्या कहा?
पश्चिम बंगाल बीजेपी के अध्यक्ष समित भट्टाचार्य ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि अंडा फेंकना बंद होना चाहिए.
उन्होंने कहा, “तृणमूल ही तृणमूल को मार रहा है. किसकी जेब में अंडा है, ये देखने के लिए कोई मेटल डिटेक्टर नहीं है. इसे तृणमूल को ही सुलझाना चाहिए.”
“तृणमूल को ये पता लगाना चाहिए कि कौन कार्यकर्ता किस नेता पर अंडा फेंक रहा है.
अंडा फेंकना बंद होना चाहिए. पूरे देश में बंगाल की छवि खराब हो रही है.”
इसी मामले पर बीजेपी विधायक शंकर सिकदर ने कहा कि उनकी पार्टी इस तरह की घटनाओं को न तो प्रोत्साहित करती है और न ही करेगी.
उनके मुताबिक़, “जिन लोगों को टीएमसी ने लंबे समय तक परेशान किया, वही अब इस तरह प्रतिक्रिया दे रहे हैं.”
सिकदर ने पहले हुई पत्थरबाजी की घटनाओं का भी जिक्र किया.
पश्चिम बंगाल के मंत्री डॉ. शारद्वत मुखर्जी ने कहा, “यह जनता का गुस्सा है. उन्होंने सवाल उठाया कि यदि पहले हुई पत्थरबाजी को सही माना गया था, तो फिर अंडा फेंके जाने पर आपत्ति क्यों है. साथ ही उन्होंने टीएमसी नेतृत्व पर भी निशाना साधा.”
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